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हुनर से रोजगार तक का सफर, महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की अनूठी पहल


भाविप स्वामी विवेकानंद शाखा ने लगाया कौशल प्रशिक्षण शिविर, डिजाइनर बैग और सजावटी उत्पाद बनाने का दिया प्रशिक्षण

 भीलवाड़ा (पंकज पोरवाल)।
महिलाओं को केवल हुनर सिखाना ही नहीं, बल्कि उस हुनर के जरिए उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाकर समाज में नई पहचान दिलाना भी जरूरी है। इसी सोच के साथ भारत विकास परिषद की स्वामी विवेकानंद शाखा ने महिलाओं और युवतियों को स्वरोजगार से जोड़ने की दिशा में सराहनीय पहल की। महिला जागरूकता एवं बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ प्रकल्प के तहत शाखा की ओर से तेजस्विनी-समर्थ संस्कार सफलता कार्यक्रम के अंतर्गत प्रज्वलन एवं हुनर आत्मनिर्भरता विषय पर विशेष कौशल प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया गया। शिविर में महिलाओं को रचनात्मक कलाओं का व्यावहारिक प्रशिक्षण देकर उनके हुनर को रोजगार का माध्यम बनाने के लिए प्रेरित किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में महिलाओं और युवतियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को कपड़े से आकर्षक चेन वाले बैग तैयार करने तथा उन पर सुंदर पेंटिंग कर डिजाइनर लुक देने की कला सिखाई गई। इसके साथ ही घरों की सजावट को आकर्षक बनाने के लिए विभिन्न डिजाइनों में मिनिएचर और मिनी फ्लावर पॉट्स बनाने का प्रशिक्षण भी दिया गया। प्रशिक्षकों ने प्रत्येक कला की बारीकियों को व्यावहारिक रूप से समझाया, ताकि प्रतिभागी स्वयं इन उत्पादों को तैयार कर सकें। शिविर का उद्देश्य महिलाओं की रचनात्मक क्षमता को निखारने के साथ उन्हें ऐसे कौशल से जोड़ना रहा, जिनका उपयोग वे घर बैठे भी कर सकें। प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं ने पूरे उत्साह और तन्मयता के साथ नई कलाएं सीखीं। तैयार किए जाने वाले उत्पादों की सुंदरता और उपयोगिता ने भी प्रतिभागियों में विशेष रुचि पैदा की। इस तरह शिविर ने महिलाओं को अपनी प्रतिभा पहचानने और उसे आर्थिक गतिविधियों में बदलने का अवसर प्रदान किया। इस अवसर पर महिला संयोजिका ने कहा कि महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए उन्हें हुनरमंद बनाना समय की आवश्यकता है। ऐसे प्रशिक्षण शिविरों के माध्यम से महिलाएं अपनी रुचि और कौशल को विकसित कर सकती हैं तथा अपने हुनर के बल पर स्वरोजगार की राह चुन सकती हैं। इससे वे न केवल आर्थिक रूप से मजबूत बनेगी, बल्कि परिवार और समाज में भी अपनी अलग पहचान स्थापित कर सकेंगी। उन्होंने कहा कि तेजस्विनी कार्यक्रम का मूल उद्देश्य महिलाओं में आत्मविश्वास, रचनात्मकता और आत्मनिर्भरता की भावना विकसित करना है। शिविर के सफल एवं प्रेरणादायी आयोजन पर शाखा के सदस्यों ने प्रसन्नता व्यक्त की।                      
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