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रक्तदान और पौधरोपण से स्व. सत्यनारायण जागेटिया को दी भावभीनी श्रद्धांजलि, 185 पौधे बांटे, 64 यूनिट रक्त संगृहीत

सेवा, समर्पण और संस्कार का संगम बना जागेटिया परिवार का पुण्यतिथि आयोजन


देवरानी-जेठानी,  मां-बेटे  ने एक साथ रक्तदान कर दिया प्रेरक संदेश, पर्यावरण संरक्षण का भी निभाया दायित्व


रक्त का कोई कृत्रिम विकल्प या फैक्ट्री नहीं है,  यह केवल स्वैच्छिक रक्तदान से ही उपलब्ध होता है : सुभाष बहेड़िया
 

     भीलवाड़ा (पंकज पोरवाल)।
समाज सेवा और पर्यावरण संरक्षण के प्रति सच्ची प्रतिबद्धता केवल शब्दों से नहीं, बल्कि कर्मों से सिद्ध होती है। इसी भावना को साकार करते हुए स्वर्गीय सत्यनारायण जागेटिया की पुण्यतिथि पर जागेटिया परिवार ने सेवा, समर्पण और सामाजिक उत्तरदायित्व का प्रेरणादायी उदाहरण प्रस्तुत किया। श्री नगर माहेश्वरी सभा एवं भारत विकास परिषद (स्वामी विवेकानंद शाखा) के तत्वावधान तथा सत्यनारायण इंजीनियरिंग वर्कशॉप के सौजन्य से विशाल रक्तदान शिविर एवं पौधरोपण-पौधा वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का सबसे प्रेरक दृश्य तब देखने को मिला, जब जागेटिया परिवार की देवरानी और जेठानी, और मां-बेटे, दंपती (पति-पत्नी) ने एक साथ रक्तदान कर समाज को सेवा और मानवता का संदेश दिया। उनकी इस पहल की उपस्थित लोगों ने मुक्तकंठ से सराहना की और इसे महिलाओं की सामाजिक भागीदारी का उत्कृष्ट उदाहरण बताया। रक्तदान शिविर का संचालन रामस्नेही अस्पताल की ब्लड बैंक टीम के तकनीकी सहयोग से 64 यूनिट रक्त संगृहीत किया गया। शिविर में आए सभी रक्तदाताओं को पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए पौधे वितरित किए गए। वहीं, इस पुण्य कार्य में अनुकरणीय योगदान के लिए रामस्नेही चिकित्सालय की ओर से जागेटिया परिवार को सम्मान पत्र भेंट कर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर समाजसेवी सुभाष बहेड़िया ने रक्तदान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि रक्त बनाने की कोई फैक्ट्री नहीं होती, यह केवल एक व्यक्ति द्वारा दूसरे व्यक्ति को दान देने से ही उपलब्ध होता है। इसलिए रक्तदान सबसे बड़ा मानव सेवा का कार्य है। पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कार्यक्रम के दौरान कुल 185 पौधों का रोपण एवं वितरण किया गया। इनमें चमेली, मोगरा, हजारे, नीम सहित फलदार, छायादार एवं सुगंधित पौधों के साथ तुलसी के गमले भी शामिल थे, जिन्हें आगंतुकों को सप्रेम भेंट किया गया। आयोजकों ने सभी से पौधों की नियमित देखभाल करने का संकल्प भी दिलाया। इस अवसर पर अहमदाबाद, रायपुर, कपासन, चित्तौड़गढ़, भीलवाड़ा और भगवानपुरा सहित विभिन्न स्थानों से जागेटिया परिवार के सदस्य, रिश्तेदार एवं समाजजन बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम में राधेश्याम चेचाणी, कैलाश कोठारी, प्रहलादराय लढा, भैरूलाल काबरा, केदार गगरानी, महेन्द्र काकानी, केदारमल जागेटिया (एडवोकेट), भाविप विवेकानंद शाखा अध्यक्ष गिरीश अग्रवाल, आदित्य मानसिंहका, सुमित जागेटिया, मनोज माहेश्वरी, गोविंद प्रसाद सोडाणी, भैरूलाल अजमेरा, बालमुकुंद डाड, मनोहर अजमेरा, दिनेश चन्द्र हेडा, राजेन्द्र बिरला, कार्यक्रम के मुख्य संयोजक मुकेश जागेटिया, सोहनलाल गगराणी, कैलाश काबरा, गोगानंद राठी, ओमप्रकाश जागेटिया, प्रदीप लाठी, राकेश काबरा, भागचन्द्र सोमानी सहित भाविप, नगर माहेश्वरी सभा के पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं अनेक गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। अंत में सभी अतिथियों एवं रक्तदाताओं का आभार व्यक्त करते हुए उनके लिए अल्पाहार की व्यवस्था की गई। स्वर्गीय सत्यनारायण जागेटिया की पुण्य स्मृति में आयोजित यह सेवा कार्य केवल श्रद्धांजलि तक सीमित नहीं रहा, बल्कि समाज को रक्तदान, पर्यावरण संरक्षण और मानवीय सेवा का प्रेरक संदेश देने वाला आयोजन बन गया। जागेटिया परिवार की इस सराहनीय पहल की पूरे भीलवाड़ा शहर एवं समाजजनों द्वारा भूरि-भूरि प्रशंसा की जा रही है।                                

 
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